सिकंदराबाद: क्षेत्र के एसडीएम कॉलोनी स्थित तहसील सभागार में शनिवार को माह के प्रथम शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन उपजिलाधिकारी दीपक कुमार पाल की अध्यक्षता में किया गया। समाधान दिवस का उद्देश्य जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान करना है, लेकिन इस बार आयोजित कार्यक्रम में अपेक्षित परिणाम देखने को नहीं मिले।

कार्यक्रम में फरियादियों द्वारा कुल 9 शिकायतें दर्ज कराई गईं। इनमें से 5 राजस्व, 2 पुलिस, 1 नगरपालिका और 1 ब्लॉक विभाग से संबंधित थीं।
हालांकि सभी शिकायतों को गंभीरता से सुना गया, लेकिन केवल 2 राजस्व विभाग से जुड़ी शिकायतों का ही मौके पर निस्तारण हो सका, जबकि शेष 7 शिकायतें लंबित रहीं।

उपजिलाधिकारी दीपक कुमार पाल ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि वे लंबित शिकायतों पर शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि आम जनता की समस्याओं के निस्तारण में देरी किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं है और समयबद्ध समाधान ही प्रशासन की प्राथमिकता है।
मोबाइल में व्यस्त दिखे कुछ अधिकारी
संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान एक लापरवाही भरा दृश्य भी नज़र आया। जहाँ उपजिलाधिकारी स्वयं जनता की फरियादें सुनने में व्यस्त थे, वहीं कुछ विभागीय अधिकारी अपने मोबाइल फोन में उलझे हुए दिखाई दे रहे थे, जिससे फरियादियों में रोष भी देखने को मिला।
जनता का कहना है कि यदि समाधान दिवस में भी उनकी समस्याओं को उतनी गंभीरता से नहीं सुना गया, तो फिर समाधान की उम्मीद कहाँ की जाए?
लोगों ने अधिकारियों से संवेदनशील और जिम्मेदार व्यवहार की अपेक्षा जताई है।

संपूर्ण समाधान दिवस के इस आयोजन में प्रभारी तहसीलदार अंकित सिंह, नायब तहसीलदार देवेंद्र सिंह, चौधरी हेमंत सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
