बुलंदशहर में जिला जज, डीएम और एसएसपी ने राजकीय सम्प्रेक्षण गृह (किशोर) का निरीक्षण किया। बाल बंदियों से वार्ता कर सुविधाओं, शिक्षा और सुधार संबंधी व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
बुलंदशहर: तहसील सदर के पास बने राजकीय सम्प्रेक्षण गृह (किशोर) का आज जिला जज मंजीत सिंह श्योराण, जिलाधिकारी श्रुति एवं एसएसपी दिनेश कुमार सिंह ने संयुक्त रूप से निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सम्प्रेक्षण गृह प्रशासन द्वारा दी जा रही सुविधाओं, साफ-सफाई एवं व्यवस्था का जायजा लिया।

अधिकारियों ने बाल बंदियों से बातचीत करते हुए न्यायालय में चल रही सुनवाई, अधिवक्ता न होने की स्थिति तथा खाने-पीने की व्यवस्था के बारे में जानकारी ली। बाल बंदियों ने किसी प्रकार की समस्या नहीं बताई।

जिला जज ने कहा कि बच्चों को अपनी पिछली गलतियों को भूलकर शिक्षा और सकारात्मक गतिविधियों के जरिए भविष्य संवारना चाहिए। उन्होंने काउंसलर द्वारा दी जा रही सीख को आत्मसात करने और पढ़ाई-लिखाई एवं खेलकूद की सुविधाओं का लाभ उठाने की सलाह दी।

निरीक्षण के दौरान जेल अधीक्षक को निर्देश दिए गए कि बच्चों के उज्ज्वल भविष्य हेतु उन्हें समाज सुधार एवं विविध रचनात्मक गतिविधियों से जोड़कर शिक्षित किया जाए, ताकि वे रिहाई के बाद समाज में अच्छे नागरिक के रूप में योगदान दे सकें।

इस अवसर पर सीडीओ निशा ग्रेवाल, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट सुनील कुमार त्रिपाठी, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बुलंदशहर के सचिव शहजाद अली एवं जेल अधीक्षक रमेश मौजूद रहे।
